Sbg 11.50 htshg

From IKS BHU
Jump to navigation Jump to search

Hindi Translation Of Sri Shankaracharya's Sanskrit Commentary By Sri Harikrishnadas Goenka ।।11.50।। संजय बोला -- इस प्रकार भगवान् वासुदेवने पूर्वोक्त वचन कहकर अर्जुनको अपनावसुदेवके घरमें प्रकट हुआ रूप दिखलाया। फिर सौम्यमूर्ति होकर अर्थात् प्रसन्न देहसे युक्त होकर महात्मा कृष्णने इस भयभीत अर्जुनको पुनःपुनः धैर्य दिया।


,